रायपुर। ग्रामीण एवं कस्बाई क्षेत्रों में जल जीवन मिशन के अंतर्गत भारत सरकार के जल शक्ति मंत्रालय की पहल पर प्रत्येक परिवार तक स्वच्छ पेयजल पहुंचाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। क्रेडा विभाग द्वारा पिछले दो वर्षों में जल जीवन मिशन अंतर्गत जशपुर जिले में 114 सोलर ड्यूल पंप स्थापित किए गए हैं। इनसे पेयजल आपूर्ति के साथ-साथ सिंचाई के लिए सस्ती एवं सुलभ ऊर्जा उपलब्ध हो रही है। सोलर पंपों के उपयोग से किसानों की डीजल एवं बिजली पर निर्भरता कम हुई है, जिससे उनकी लागत में कमी आई है और आय में वृद्धि हुई है। पानी की उपलब्धता बढ़ने से किसान वर्षभर खेती कर पा रहे हैं, जिससे उत्पादन में भी वृद्धि हुई है। वहीं घर के समीप जल उपलब्ध होने से महिलाओं को दूर से पानी लाने की परेशानी से राहत मिली है।
80 सोलर हाई मास्ट से रोशन हुए गांव और शहर
जशपुर जिले में सार्वजनिक स्थलों पर बेहतर प्रकाश व्यवस्था के लिए सोलर हाई मास्ट योजना के तहत ग्रामों, कस्बों और शहरी क्षेत्रों के प्रमुख चौक-चौराहों पर संयंत्र स्थापित किए जा रहे हैं। पिछले दो वर्षों में 80 सोलर हाई मास्ट लगाए जा चुके हैं। इन सौर ऊर्जा आधारित लाइटों से रात्रिकालीन आवागमन अधिक सुरक्षित और सुगम हुआ है। साथ ही, दुर्घटनाओं और अपराधों में भी कमी आई है। जहां बिजली आपूर्ति सीमित या बाधित रहती है वहां भी ये हाई मास्ट निर्बाध रूप से रोशनी प्रदान कर रहे हैं।
800 सोलर पंप से किसानों को मिली बड़ी राहत
कृषि प्रधान छत्तीसगढ़ में सौर सुजला योजना किसानों के लिए वरदान साबित हो रही है। इस योजना के अंतर्गत जशपुर जिले में पिछले दो वर्षों में 800 सोलर पंप स्थापित किए गए हैं, जिनसे सिंचाई सुविधाओं का व्यापक विस्तार हुआ है। सोलर पंपों के उपयोग से किसानों को बिजली बिल से मुक्ति मिली है, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति सुदृढ़ हुई है। साथ ही कृषि उत्पादन में वृद्धि, भू-जल संरक्षण एवं संवर्धन, तथा ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलने जैसे सकारात्मक परिणाम सामने आए हैं।



