रायपुर। प्रवर्तन निदेशालय ने मंगलवार को प्रदेश में ‘भारतमाला परियोजना’ के तहत भूमि अधिग्रहण में हुए करोड़ो रुपये के हुए मुआवजा घोटाले में बड़ी कार्रवाई की। रायपुर, अभनपुर, धमतरी और कुरुद में आठ से ज्यादा जगहों पर की गई छापेमारी के दौरान ईडी ने भारी मात्रा में नकदी, चांदी और जरूरी दस्तावेज जब्त किए।
प्रवर्तन निदेशालय के रायपुर क्षेत्रीय कार्यालय के अनुसार, 27 और 28 अप्रैल को किए गए इन ऑपरेशनों में जमीन डीलर गोपाल गांधी, भूपेंद्र चंद्राकर (पूर्व मंत्री और वरिष्ठ विधायक अजय चंद्राकर के चचेरे भाई) और चावल मिलर रोशन चंद्राकर के ठिकानों पर छापेमारी की गई। छापेमारी के दौरान अधिकारियों के साथ दुर्व्यवहार करने के आरोप में उनके परिवार के सदस्यों के खिलाफ एक एफआईआर भी दर्ज की गई।
ईडी के अनुसार, छापेमारी के दौरान लगभग 66.9 लाख रुपये नकद और 37 किलोग्राम से ज्यादा चांदी बरामद की गई। इसके अलावा कई डिजिटल उपकरण और अहम दस्तावेज भी जब्त किए गए। प्रवर्तन निदेशालय के अनुसार, मंगलवार को छत्तीसगढ़ के अभनपुर, रायपुर, धमतरी और कुरुद में स्थित आठ जगहों पर तलाशी अभियान चलाए गए। ये तलाशी अभियान रायपुर-विशाखापत्तनम राजमार्ग परियोजना (जो भारतमाला योजना के अंतर्गत आती है) के लिए भूमि अधिग्रहण के बदले धोखाधड़ी से मुआवजा प्राप्त करने से जुड़े एक मामले के सिलसिले में किए गए थे।



