धमतरी। राज्य सरकार द्वारा श्रमिकों के कल्याण के साथ उनके बच्चों के उज्ज्वल भविष्य की दिशा में संचालित अटल उत्कृष्ट शिक्षा योजना आर्थिक रूप से कमजोर श्रमिक परिवारों के प्रतिभावान बच्चों के लिए शिक्षा के नए अवसरों के द्वार खोल रही है। योजना के माध्यम से श्रमिक परिवारों के बच्चों को प्रतिष्ठित निजी आवासीय विद्यालयों में गुणवत्तापूर्ण एवं आधुनिक शिक्षा प्राप्त करने का अवसर मिल रहा है।
राजधानी रायपुर स्थित पं. दीनदयाल उपाध्याय ऑडिटोरियम में आयोजित अटल उत्कृष्ट शिक्षा योजना के सम्मान समारोह में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने श्रमिक परिवारों के प्रतिभावान बच्चों को सम्मानित कर उनका उत्साहवर्धन किया। मुख्यमंत्री ने बच्चों के साथ आत्मीयता से समय बिताया और उनके साथ भोजन भी किया। उन्होंने बच्चों को उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि निर्माण श्रमिकों के बच्चों को भी देश के बेहतरीन निजी विद्यालयों में पढ़ने का समान अधिकार है। सरकार उनकी शिक्षा का पूरा खर्च वहन कर उन्हें आगे बढ़ने के लिए हरसंभव अवसर उपलब्ध करा रही है।
धमतरी के सात बच्चों को मिला निजी आवासीय विद्यालयों में प्रवेश
विभागीय अधिकारी ने बताया कि सम्मान समारोह में धमतरी जिले के 07 नवप्रवेशित छात्र-छात्राओं एवं उनके अभिभावकों को सम्मानित किया गया। शैक्षणिक सत्र 2026-27 में इन बच्चों को कक्षा छठवीं में प्रवेश मिला है। इनमें ग्राम श्यामतराई की याचना साहू, ग्राम सिर्री की भाव्या, ग्राम रीवागहन के नैतिक कुमार, ग्राम चटौद की धारनी साहू, ग्राम गुजरा के नागेन्द्र कुमार, ग्राम देमार की पूजा मीनपाल तथा ग्राम खट्टी की रागिनी साहू शामिल हैं।
अटल उत्कृष्ट शिक्षा योजना के अंतर्गत अनुबंधित 09 जिलों के निजी आवासीय विद्यालयों में चयनित बच्चों को कक्षा छठवीं से बारहवीं तक पूर्णतः निःशुल्क शिक्षा प्रदान की जाएगी। विद्यालय में अध्ययन, आवास सहित आवश्यक शैक्षणिक सुविधाओं का लाभ बच्चों को मिलेगा। इससे श्रमिक परिवारों पर बच्चों की उच्च गुणवत्ता वाली शिक्षा का आर्थिक बोझ कम होगा और प्रतिभावान बच्चों को अपनी क्षमता के अनुरूप आगे बढ़ने का अवसर मिलेगा।
शिक्षा के माध्यम से सशक्त हो रहे श्रमिक परिवार
योजना श्रमिक परिवारों के बच्चों को केवल बेहतर शिक्षा उपलब्ध कराने तक सीमित नहीं है, बल्कि उनके व्यक्तित्व विकास, आत्मविश्वास और भविष्य की संभावनाओं को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है। प्रतिष्ठित आवासीय विद्यालयों में अध्ययन से बच्चों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण, अनुशासन, सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों और प्रतियोगी अवसरों का लाभ मिलेगा।
कलेक्टर अबिनाश मिश्रा ने कहा कि अटल उत्कृष्ट शिक्षा योजना श्रमिक परिवारों के प्रतिभावान बच्चों के सपनों को पंख देने वाली महत्वपूर्ण पहल है। धमतरी जिले के सात बच्चों का चयन जिले के लिए गौरव का विषय है। उन्होंने कहा कि आर्थिक परिस्थितियां किसी भी प्रतिभावान बच्चे की शिक्षा में बाधा न बनें, यही इस योजना की सबसे बड़ी विशेषता है। उन्होंने चयनित बच्चों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि वे पूरी लगन और मेहनत के साथ अध्ययन करें, अपने माता-पिता एवं जिले का नाम रोशन करें तथा भविष्य में समाज और देश के विकास में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएं।









