धमतरी @ विश्वनाथ गुप्ता। धमतरी में एक उद्योग पति ठगी का शिकार हो गया है ,,उसे एक नामी पार्षद का नाम लेकर उसके गुर्गे ,,मतलब संगी साथी एक सराफा व्यापारी का नाम सामने आ रहा है जिसने ,,धमतरी शहर के एक उद्योगपति , से सिहावा मार्ग स्थित धनवंतरी , जहां अभी वर्तमान में इंडियन कॉफी हाउस है के बाजू में निगम की दुकानें बनने वाली है और उसमे आपको एक दुकान दिला दूंगा के नाम पर 3 लाख रुपए मांगे और फिर बात को आगे गोल मोल जवाब देता रहा ,, मामला जब खुला जब निगम ने वहां दुकानें बनने वाली बात पर ,,नही की मोहर लगा दी ,मतलब मामला टाय टाय फीस हो गया।
अब व्यापारी ने ,,गुर्गे से पैसे वापस मांगे ,पहले तो वह घूमता रहा की आपके पैसे बिलकुल सेफ है और बाद में कहने लगा ,की 1 लाख पार्षद को दिया,,1लाख अधिकारी को दिया,1 लाख जो उसके हिस्से में आया भंडारा में लगा दिया।
अब उद्योगपति को शंका हुई तो उन्होंने पार्षद को लगाया ,पार्षद ने कहां मैने अपना पैसा ,,गुर्गे को वापस कर दिया हैऔर अब सुनने में आया है गुर्गा और पार्षद साफ मुकर गए है की पैसे का लेन देन हुआ ही नहीं ,सब झूठ है कई सवालों को खड़ा करता है।
जैसे अगर नही जानता तो फोन में इतनी बार काल में बात होना ,मिलना,और पैसे वापसी का आश्वासन क्यों,,आखिर किसकी नियत बाजारू हो गई ,,गुर्गे की,पार्षद की या फिर उद्योग पति झूठ बोल रहा,और उद्योग पति झूठ बोल रहा है तो क्यों ,,इतने बड़े उद्योग पति को एक छोटे मोटे पार्षद से और बिना काम के गुर्गे से क्या लेना देना या मामला कुछ और है








