रुद्रेश्वर धाम बनेगा आस्था, संस्कृति और आधुनिक पर्यटन का नया केंद्र
धमतरी। धमतरी शहर से लगे ग्राम रुद्री स्थित प्राचीन रुद्रेश्वर महादेव मंदिर परिसर को धार्मिक, सांस्कृतिक एवं पर्यटन दृष्टि से विकसित करने के लिए लगभग 20 करोड़ रुपये की समग्र कॉरिडोर परियोजना तैयार की गई है। संस्कृति एवं पर्यटन के माध्यम से प्रस्तावित यह परियोजना तीन चरणों में विकसित की जाएगी।
परियोजना में पारंपरिक भारतीय मंदिर स्थापत्य शैली और आधुनिक अधोसंरचना का संतुलित समावेश किया गया है। मंदिर के मुख्य फसाड को शिखर, त्रिशूल, ॐ प्रतीक, तोरण द्वार, नंदी प्रतिमा, दीप स्तंभ एवं पत्थर आधारित पारंपरिक डिजाइन तत्वों से भव्य स्वरूप दिया जाएगा। विशेष बात यह है कि वर्तमान मंदिर संरचना को बिना क्षति पहुंचाए समग्र विकास कार्य किया जाएगा।
परिसर में श्रद्धालुओं की सुविधा हेतु चौड़े पैदल मार्ग, विश्राम क्षेत्र, प्रसाद एवं स्मृति दुकानें, फूड कोर्ट, डिजिटल सूचना प्रणाली, स्वास्थ्य केंद्र, एआई आधारित हेल्थ चेकअप कियोस्क, स्वच्छ शौचालय तथा दिव्यांगजन-अनुकूल रैम्प व्यवस्था विकसित की जाएगी। घाट क्षेत्र को सुरक्षित स्वरूप देते हुए रेलिंग युक्त विसर्जन कुंड एवं बैठने की व्यवस्था भी बनाई जाएगी।
परियोजना के अंतर्गत गार्डन, सांस्कृतिक मंडप, रिवर फ्रंट कॉटेज, खुला मंच एवं भविष्य में मेरीन ड्राइव विकसित करने की अवधारणा भी शामिल है। पर्यावरण संरक्षण को ध्यान में रखते हुए सौर ऊर्जा आधारित पार्किंग, ईवी चार्जिंग स्टेशन, वर्षा जल संचयन, हरित क्षेत्र विकास एवं अपशिष्ट प्रबंधन जैसी व्यवस्थाएँ प्रस्तावित हैं।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि राज्य सरकार छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक और धार्मिक विरासत को वैश्विक पहचान दिलाने के लिए लगातार कार्य कर रही है। रुद्रेश्वर महादेव मंदिर परियोजना आस्था, पर्यटन और स्थानीय विकास को नई दिशा देगी तथा यह धमतरी को राष्ट्रीय धार्मिक पर्यटन मानचित्र पर स्थापित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री राजेश अग्रवाल ने कहा कि यह परियोजना भारतीय आध्यात्मिक परंपरा, सांस्कृतिक विरासत और आधुनिक अधोसंरचना का उत्कृष्ट समन्वय होगी। इससे क्षेत्रीय पर्यटन को गति मिलने के साथ स्थानीय रोजगार एवं सांस्कृतिक गतिविधियों को भी प्रोत्साहन मिलेगा।
पर्यटन मंडल के अध्यक्ष नीलू शर्मा ने कहा कि रुद्रेश्वर धाम को ऐसा सांस्कृतिक परिसर विकसित करने का प्रयास किया जा रहा है, जहाँ श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक अनुभूति के साथ विश्वस्तरीय सुविधाएँ भी प्राप्त हों। यह परिसर भविष्य में धमतरी की सांस्कृतिक पहचान के रूप में स्थापित होगा।
महापौर रामू रोहरा ने कहा कि रुद्रेश्वर महादेव मंदिर परिसर का विकास धमतरी शहर के लिए गौरव का विषय है। इससे शहर की धार्मिक पहचान मजबूत होगी और पर्यटन गतिविधियों के विस्तार से स्थानीय व्यापार एवं रोजगार को भी नई ऊर्जा मिलेगी।









