पीएम-जनमन एवं धरती आबा ग्राम उत्कर्ष अभियान के गांवों में जनसुनवाई, स्वास्थ्य शिविर और योजनाओं की संतृप्ति पर रहेगा विशेष फोकस
धमतरी। भारत सरकार जनजातीय कार्य मंत्रालय एवं छत्तीसगढ़ शासन आदिम जाति विकास विभाग के निर्देशानुसार जिले में 18 मई से 25 मई 2026 तक “जन भागीदारी – सबसे दूर, सबसे पहले” अभियान संचालित किया जाएगा। यह अभियान प्रधानमंत्री जनजातीय न्याय महाअभियान (पीएम-जनमन) अंतर्गत चिन्हित 121 ग्रामों एवं 133 बसाहटों तथा धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान के 108 ग्रामों में आयोजित होगा।
अभियान का उद्देश्य दूरस्थ एवं विशेष रूप से कमजोर जनजातीय समूहों तक शासन की योजनाओं का लाभ पहुंचाना, जनसुनवाई के माध्यम से समस्याओं का त्वरित निराकरण करना तथा स्वास्थ्य एवं जनकल्याण सेवाओं की शत-प्रतिशत पहुंच सुनिश्चित करना है।
कलेक्टर अबिनाश मिश्रा ने जिले के सभी सीईओ जनपद पंचायत धमतरी, मगरलोड, कुरूद एवं नगरी को अभियान के सफल संचालन हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। अभियान के अंतर्गत आदि कर्मयोगी अभियान से निर्मित आदि सेवा केन्द्रों में जनसुनवाई कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, जहां प्राप्त शिकायतों को सूचीबद्ध कर उनके निराकरण की कार्यवाही की जाएगी। साथ ही योजनाओं की जानकारी, हितग्राही संवाद, फील्ड विजिट, निरीक्षण तथा जागरूकता गतिविधियां संचालित होंगी।
अभियान के दौरान मोबाइल मेडिकल यूनिट के माध्यम से गांव-गांव में स्वास्थ्य परीक्षण, टीबी स्क्रीनिंग, सिकल सेल जांच तथा स्वास्थ्य शिविर आयोजित किए जाएंगे। विशेष रूप से पीवीटीजी एवं जनजातीय परिवारों को शासन की फ्लैगशिप योजनाओं से जोड़ते हुए शत-प्रतिशत संतृप्ति सुनिश्चित करने पर जोर दिया जाएगा।
कलेक्टर ने अभियान को जन-जन तक पहुंचाने के लिए वॉल पेंटिंग, साइकिल रैली, फ्लैग मार्च एवं व्यापक जनजागरूकता गतिविधियां आयोजित करने के निर्देश दिए हैं। स्थानीय जनप्रतिनिधियों, पारंपरिक मुखियाओं, स्व सहायता समूहों, एनएसएस, रेडक्रॉस सोसायटी एवं स्वयंसेवी संस्थाओं की सक्रिय भागीदारी भी सुनिश्चित की जाएगी।
अभियान की प्रत्येक गतिविधि का व्यवस्थित दस्तावेजीकरण किया जाएगा। प्रति दिवस प्रत्येक लोकेशन से न्यूनतम पांच फोटोग्राफ, एक वीडियो तथा एक लाभार्थी का वक्तव्य आदि प्रसारण पोर्टल एवं सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर अपलोड किया जाएगा। साथ ही भारत सरकार द्वारा जारी मानक संचालन प्रक्रिया (SOP) का पालन करते हुए प्रतिदिन की प्रगति रिपोर्ट जिला कार्यालय को उपलब्ध कराई जाएगी।
कलेक्टर श्री मिश्रा ने सभी संबंधित अधिकारियों को अभियान को संवेदनशीलता, सक्रियता एवं जनसहभागिता के साथ संचालित करने के निर्देश दिए हैं, ताकि अंतिम छोर तक रहने वाले जनजातीय समुदायों को शासन की योजनाओं का प्रभावी लाभ मिल सके।







