खड़खड़िया और ताश के जुए से बिगड़ रहा सामाजिक माहौल, स्कूली छात्राओं, महिलाओं और दुकानदारों की सुरक्षा को लेकर जताई चिंता
प्रदीप साहू @ नगरी । दीपावली पर्व के दौरान ग्राम सांकरा के प्रमुख नंदी चौक में खड़खड़िया और ताश के माध्यम से जुआ खिलाए जाने की परंपरा पर रोक लगाने की मांग जोर पकड़ने लगी है। सार्वजनिक स्थान पर जुए की गतिविधियों से होने वाली परेशानियों को लेकर नंदी सेवा समिति और ग्रामीणों ने प्रशासन का ध्यान आकृष्ट कराया है। इस संबंध में ग्रामीणों ने कलेक्टर के नाम ज्ञापन सौंपकर तत्काल कार्रवाई की मांग की है।
ग्रामीणों के अनुसार, 10 हजार से अधिक आबादी वाला ग्राम सांकरा आसपास के कई गांवों के लिए प्रमुख व्यापारिक एवं आवागमन का केंद्र है। यहां स्थित नंदी चौक गांव का व्यस्त और प्रतिष्ठित सार्वजनिक स्थल है। इसके बावजूद दीपावली के दौरान यहां खड़खड़िया और ताश के जरिए जुआ खिलाया जाता है, जिससे बड़ी संख्या में लोगों की भीड़ जुटती है और आम नागरिकों को आवागमन में परेशानी होती है।
ज्ञापन में आरोप लगाया गया है कि जुए में शामिल कुछ लोग अभद्र भाषा का प्रयोग करते हैं। विरोध करने पर आसपास के दुकानदारों के साथ भी दुर्व्यवहार किया जाता है। इससे चौक का सामाजिक वातावरण प्रभावित हो रहा है। ग्रामीणों ने यह भी बताया कि नंदी चौक के समीप शासकीय हाईस्कूल, आनंद मार्ग स्कूल और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र संचालित हैं। ऐसे में जुआ खेलने वालों की भीड़ के कारण स्कूल आने-जाने वाली छात्राओं, महिलाओं और मरीजों को असहज परिस्थितियों का सामना करना पड़ता है।
ग्रामीणों ने चिंता जताई कि जुए के लालच में कई लोग अपनी मेहनत की कमाई गंवा देते हैं, जिसका असर उनके पारिवारिक जीवन पर भी पड़ता है। इससे परिवारों में विवाद और अशांति की स्थिति निर्मित होने की आशंका बनी रहती है।
ज्ञापन सौंपने वालों में नंदी सेवा समिति के अध्यक्ष मनोज कश्यप, सचिव डिकेश्वर साहू सहित नेहरू साहू, कल्याण मत्स्यपाल, डिकेश साहू, गोपी साहू, दिलीप सेन, डिगेश्वर देवांगन, शिवराम कश्यप, रेवतलाल नेताम, हेमन पुजारी, उत्तम, हरिसिंह, शिवलाल, कमलराम, जानेश्वर गोयल, पुनानंद, प्रेमलाल, किशोर कुमार, राहुल और हीरालाल सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण शामिल हैं।
ग्रामीणों ने प्रशासन से नंदी चौक जैसे सार्वजनिक और संवेदनशील स्थान पर खड़खड़िया एवं ताश के जरिए जुआ खिलाने पर प्रभावी रोक लगाने की मांग की है। ज्ञापन की प्रतिलिपि पुलिस अधीक्षक धमतरी, एसडीएम नगरी, तहसीलदार नगरी, थाना प्रभारी सिहावा तथा ग्राम पंचायत सांकरा के सरपंच-सचिव सहित संबंधित अधिकारियों को भी भेजी गई है। अब ग्रामीणों को प्रशासन की कार्रवाई का इंतजार है।







