धमतरी। भारत मौसम विज्ञान विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, चक्रवाती तूफान ‘अर्नब’ कमजोर होकर अवदाब में परिवर्तित हो गया है। इसके 29 अक्टूबर की शाम तक उत्तरी छत्तीसगढ़ और उससे लगे उत्तर-पश्चिमी ओडिशा के ऊपर स्पष्ट निम्न दबाव क्षेत्र में कमजोर होने की संभावना है।
चक्रवात के प्रभाव से 29 अक्टूबर को प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में हल्की से मध्यम वर्षा, जबकि कुछ स्थानों पर भारी से अति भारी वर्षा और 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है। 30 अक्टूबर से 2 नवंबर तक भी अनेक स्थानों पर वर्षा, गरज-चमक, वज्रपात और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं।
किसानों के लिए मौसम आधारित कृषि सलाह
संभावित वर्षा को देखते हुए किसानों को सलाह दी गई है कि धान, दलहन एवं तिलहन की पकती फसलों की कटाई मौसम साफ होने तक टालें। पहले से कटी फसलों को सुरक्षित एवं ऊंचे स्थानों पर रखें तथा तिरपाल से ढकते समय पानी जमा न होने दें। खेतों में जल निकासी की उचित व्यवस्था करें और मड़ाई-सुखाई के लिए सूखे स्थान तैयार रखें।
उतेरा फसल के रूप में तिवरा एवं अलसी की बुवाई फिलहाल स्थगित रखें तथा रबी फसलों की बुवाई मौसम अनुकूल होने पर नवंबर के प्रथम सप्ताह से करें। फसलों को नुकसान होने पर बीमित किसान तत्काल बीमा कंपनी अथवा कृषि विभाग को सूचना दें और नुकसान के फोटो एवं आवश्यक दस्तावेज सुरक्षित रखें।
किसानों से अपील की गई है कि मौसम विभाग की ताजा चेतावनियों पर नजर रखें तथा तेज हवा, भारी वर्षा और वज्रपात के दौरान खेतों में काम करने से बचें।







