वक्फ संपत्ति पर अवैध कब्जे का मामले में राज्य वक्फ अधिकरण का बड़ा फैसला : 45 दिन में दुकान खाली करने का आदेश

रायपुर। छत्तीसगढ़ राज्य वक्फ अधिकरण ने राजधानी रायपुर के नयापारा फूल चौक स्थित वक्फ संपत्ति से जुड़े एक महत्वपूर्ण मामले में फैसला सुनाया है। अधिकरण ने सुन्नी हनफी मस्जिद ट्रस्ट कमेटी की संपत्ति पर कब्जे को लेकर चल रहे विवाद में बड़ा आदेश देते हुए अब्दुल मतीन सिद्दीकी को 45 दिनों के भीतर दुकान खाली करने का निर्देश दिया है। इसके साथ ही छत्तीसगढ़ राज्य वक्फ बोर्ड के मुख्य कार्यपालन अधिकारी द्वारा 9 जनवरी 2022 को पारित आदेश की पुष्टि की गई है।

राज्य वक्फ अधिकरण ने 29 सितंबर 2026 को यह फैसला सुनाया। मामले की सुनवाई पीठासीन अधिकारी कमलेश कुमार जुरी, सदस्य हामिद हुसैन खान और वी के राजपूत की पीठ ने की। यह प्रकरण वक्फ अधिनियम 1995 की धारा 54(4) के अंतर्गत प्रस्तुत किया गया था। अधिकरण ने दोनों पक्षों की दलीलों, दस्तावेजों और वक्फ संपत्ति से संबंधित कानूनी प्रावधानों का परीक्षण करने के बाद अपना निर्णय दिया।

मामला रायपुर के फूल चौक स्थित लगभग 500 वर्गफीट क्षेत्रफल की दो मंजिला दुकान से जुड़ा हुआ है। यह संपत्ति सुन्नी हनफी मस्जिद ट्रस्ट कमेटी, नयापारा की वक्फ संपत्ति के अंतर्गत आती है। इस दुकान पर अब्दुल मतीन सिद्दीकी का कब्जा था, जिसे लेकर ट्रस्ट कमेटी और संबंधित पक्ष के बीच विवाद चल रहा था। दस्तावेजों के अनुसार, दुकान के किराए और कब्जे को लेकर दोनों पक्षों ने अलग-अलग दावे प्रस्तुत किए। एक पक्ष ने दुकान पर किरायेदारी अधिकार होने की बात कही, जबकि ट्रस्ट कमेटी की ओर से कब्जे की वैधता पर सवाल उठाए गए।
मामले में दुकान के किराए को लेकर भी विवाद सामने आया। दस्तावेजों में 175 रुपये मासिक किराए और किराया राशि जमा करने से संबंधित तथ्यों का उल्लेख किया गया है। सुनवाई के दौरान अधिकरण ने इन तथ्यों और प्रस्तुत साक्ष्यों पर विचार किया। वक्फ बोर्ड के आदेश को दी चुनौती दुकान से संबंधित विवाद पहले छत्तीसगढ़ राज्य वक्फ बोर्ड के समक्ष पहुंचा था। वक्फ बोर्ड के मुख्य कार्यपालन अधिकारी ने 9 जनवरी 2022 को प्रकरण में बेदखली का आदेश पारित किया था। इस आदेश के खिलाफ संबंधित पक्ष ने राज्य वक्फ अधिकरण में आवेदन प्रस्तुत किया। आवेदन में वक्फ बोर्ड के आदेश को चुनौती देते हुए दुकान पर अपने कब्जे और किरायेदारी से जुड़े दावे रखे गए।

सुनवाई के दौरान दोनों पक्षों के अधिवक्ताओं ने अपने-अपने तर्क प्रस्तुत किए। ट्रस्ट कमेटी की ओर से दुकान को वक्फ संपत्ति बताते हुए कब्जा खाली कराने की मांग की गई। वहीं दूसरे पक्ष ने किरायेदारी और किराया जमा करने से संबंधित दस्तावेजों के आधार पर अपना पक्ष रखा।

राज्य वक्फ अधिकरण ने अपने अंतिम आदेश में स्पष्ट किया कि अब्दुल मतीन सिद्दीकी को फूल चौक स्थित 500 वर्गफीट की दो मंजिला दुकान खाली करनी होगी। अधिकरण ने आदेश पारित होने की तारीख से 45 दिनों के भीतर दुकान का रिक्त आधिपत्य छत्तीसगढ़ राज्य वक्फ बोर्ड के मुख्य कार्यपालन अधिकारी अथवा सुन्नी हनफी मस्जिद ट्रस्ट कमेटी, नयापारा को सौंपने का निर्देश दिया है। इसके साथ ही अधिकरण ने आवेदक संस्था को आदेश की एक प्रति वक्फ संपत्ति के सहज दृश्य भाग में चस्पा करने के निर्देश भी दिए हैं।

Hamar Dhamtari
Author: Hamar Dhamtari

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